Likhi Hui Ibarat - 5 by Jyotsna Kapil in Hindi Short Stories PDF

लिखी हुई इबारत - 5

by Jyotsna Kapil in Hindi Short Stories

9 - दंडगाड़ी से उतरकर , बहुत आत्म विश्वास के साथ धीरज ने अपना चेहरा मोबाइल की स्क्रीन में देखा। नोटों से भरे हुए सूटकेस को हल्के से थपथपाया।आज एक और तथाकथित ईमानदार अधिकारी के ईमान को खरीदने के ...Read More